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Sunday, 21 July 2013

महिलाओं को शादी में रूचि नहीं

दुनिया में आर्थिक रूप से सर्वाधिक शक्तिशाली देशों में से एक अमेरिका में तेजी से सामाजिक बदलाव भी हुआ है। सदियां बदलने के साथ वहां के समाज में महिलाओं के बीच विवाह के प्रति अरुचि का आलम यह है कि बहुत कम संख्या में महिलाएं शादी कर रही हैं और इस बंधन में वे तभी बंधती हैं जब वे जोड़े पहन कर चर्च से निकलने का फैसला ले लेती हैं। 

बोवलिंग ग्रीन विश्वविद्यालय के नेशनल सेंटर फॉर फैमली एंड मैरिज रिसर्च (एनसीएफएमआर) की नवीन पारिवारिक रूपरेखा के मुताबिक, औरतें अब शादी को लंबे समय तक टाल रही हैं। विवाह एक सदी से ज्यादा का बदलाव' के मुताबिक अमेरिका में विवाह दर 31.1 है और यह सदी में सबसे निचले स्तर पर है। 

1920 में जहां विवाह दर 92.3 थी वहीं अब यह प्रति 1000 शादीशुदा औरतों में मोटे अनुमान के अनुसार 31 शादियों के बराबर है। 1970 की तुलना में विवाह दर करीब 60 प्रतिशत कम हुई है। एनसीएफएमआर के सह-निदेशक डॉ. सुसान ब्राउन ने कहा, शादी अब अनिवार्य नहीं रही। उन्होंने कहा, यह महज प्रदर्शन का विकल्प हो कर रह गया है। कई जोड़े सहवास चुन रहे हैं और कई लोग एकल जीवन बिताना पसंद कर रहे हैं।"

इससे ज्यादा बदली सदी में पहली शादी के वक्त औरतों की औसत उम्र भी बढ़ी है। अब महिलाओं की शादी की औसत उम्र 27 वर्ष हो चुकी है। केंद्र के सह निदेशक डॉ. वेंडी मैनिंग के मुताबिक, पहली शादी के समय महिलाओं और पुरुषों की उम्र ऐतिहासिक रूप से उच्च स्तर पर है और सधी हुई रफ्तार से औसत उम्र में वृद्धि हो रही है।

इसके अलावा तलाक लेने या अलग होने के अनुपात में नाटकीय वृद्धि हो रही है। 1920 में एक प्रतिशत महिलाएं तलाक लेती थी, लेकिन आज 15 प्रतिशत ले रही हैं। ब्राउन ने बताया, अमेरिका में तलाक का दर उच्च स्तर पर है और तलाकशुदा लोग पहले के मुकाबले दोबारा शादी करना कम पसंद कर रहे हैं। सभी नस्ली और जातीय समूहों में विवाह दर गिर चुकी है। सबसे ज्यादा कमी अफ्रीकी-अमेरिकियों में देखी जा रही है। 

शोधकर्ताओं ने नेशनल वाइटल स्टैटिस्टिक के 100 ईयर्स ऑफ मैरिज एंड डाइवोर्स स्टैटिस्टिक यूनाइटेड स्टेट्स 1867-1967 और सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड दि यूएस सेन्सस ब्यूरो के आंकड़ों का अध्ययन में इस्तेमाल किया। यह अध्ययन अमेरिका के स्वास्थ्य एवं मानवीय सेवाएं, योजना एवं मूल्यांकन विभाग के उपमंत्री कार्यालय द्वारा समर्थित और वित्त पोषित था।

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